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यूपीः बेसिक शिक्षा मंत्री के भाई की नियुक्ति वाले EWS सर्टिफिकेट मुद्दे ने पकड़ा तूल, हुई जाँच की मांग

योगी सरकार के बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार डॉ सतीश द्विवेदी के भाई अरुण द्विवेदी की असिस्टेंट प्रोफेसर के रूप मे नियुक्ति के लिए इस्तेमाल की हुई ईडब्ल्यूएस सर्टिफिकेट के मुद्दे ने तूल पकड़ लिया है। सोशल मीडिया पर तूफान उठने के साथ ही यूपी पुलिस से जबरन सेवामुक्त किए गए पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर और उनकी अधिवक्ता पत्नी नूतन ठाकुर ने ईडब्ल्यूएस सर्टिफिकेट की जांच की मांग की है। यूपी की राजनीतिक मे भी यह मुद्दा गरमा सकता है। बेसिक शिक्षा मत्री इस मामले मे बुरे घिरते दिख रहे है।

अमिताभ ठाकुर तथा डॉ नूतन ठाकुर ने राज्यपाल व कुलाधिपति को पत्र लिखकर सिद्धार्थ यूनिवर्सिटी कपिलवस्तु में मनोविज्ञान विभाग में असिस्टेंट प्रोफ़ेसर पद पर नियुक्त किये गए डॉ अरुण कुमार उर्फ़ अरुण द्विवेदी द्वारा नियुक्ति हेतु प्रस्तुत ईडब्ल्यूएस सर्टिफिकेट की जाँच की मांग की है।

राज्यपाल तथा यूनिवर्सिटी की कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल सहित अन्य को भेजे अपनी शिकायत में उन्होंने कहा कि डॉ अरुण कुमार शिक्षा मंत्री के भाई होने के साथ ही स्वयं भी बनस्थली विद्यापीठ, राजस्थान में मनोविज्ञान विभाग में असिस्टेंट प्रोफ़ेसर थे, ऐसे में डॉ अरुण कुमार द्वारा ईडब्ल्यूएस सर्टिफिकेट प्राप्त किया जाना प्रथमद्रष्टया जाँच का विषय दिखता है।

उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी के कुलपति डॉ सुरेन्द्र दूबे ने भी कहा कि यदि ईडब्ल्यूएस सर्टिफिकेट फर्जी होगा तो वे दंड के भागी होंगे। साथ ही शिक्षा मंत्री ने इस संबंध में कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया, जो पूरे प्रकरण को अत्यधिक संदिग्ध बना देता है।

एक अन्य ट्वीट मे नूतन ठाकुर ने अरुण द्विवेदी फेसबुक प्रोफाइल को दिखाया है। इस प्रोफाइल के बायो मे लिखा है कि डॉ अरुण कुमार द्विवेदी बनस्थली विद्यापीठ के प्रोफेसर है। ऐसे मे सवाल उठना लाजमी है। गौरतलब है कि यह बवाल इसलिए उठा है कि केद्र सरकार ने सवर्णो मे आर्थिक रूप से पिछड़े लोगो को सरकारी नौकरियो मे 10 फीसदी का आरक्षण दिया है। आर्थिक पिछड़ेपन का सर्टिफिकेट जिला प्रशासन से जारी होता है। सर्टिफिकेट जारी होने के पहले भी उसे कई प्रक्रिया से गुजरना होता है। ऐसे मे किसी विश्वविद्यालय के असिस्टेट प्रोफेसर को ईडब्ल्यूएस का सर्टिफिकेट जारी करने वालो के खिलाफ भी मुद्दा गरमा सकता है।